
श्याम तेरी महफ़िल का, अद्भुत ये नजारा है लिरिक्स
श्याम तेरी महफ़िल का, अद्भुत ये नजारा है,एक बर भी

श्याम तेरी महफ़िल का, अद्भुत ये नजारा है,एक बर भी

मनगरिया श्याम, म्हांरे घरां आवो जी,कान्हां आकर के, दरश दिखावो

यूं दिल से दिल मिलाकर के, दूर जाना नहीं अच्छा,यूं

दातार श्याम के सदा, भरोसे रहा करो,फुरसत मिले तभी जरा,


हे नन्द नन्दन तुम्हें मेरा वन्दन,दयाकर दयालु, पलके उघाड़ो,काटो प्रभु

अब तूं ही बता गोपाल, कुण पार लगावेगो – २,कुण

जिन दीवानों की कन्हैया, से पुरानी प्रीत है,उन दीवानों की

मैं तेरा हूँ तूं मेरा है, सदा मेरा ही तूं

प्रभु तुमसे विनती यही है हमारी यही है हमारी,सुनते नहीं