


क्यों करे चिंता जब तू हारेगा,तेरी जिंदगी यही सवारेगा ।।

दुनिया ये छलावा है, कहीं तुम भी ना छल जाना,बदले

चालो चालो साथीड़ो खाटू धाम रे,झाला देवे मंदिर में बैठ्यो



(चाँद धुंदला गया, छोर बदली हवा,चंद लम्हो में बस होर

मुझे दर्शन दे गया वो, कल रात सोते सोते,फिर बीती


श्री श्याम महर करदो, अब तो दुखियारे पर,कब तक निरखू


क्यों करे चिंता जब तू हारेगा,तेरी जिंदगी यही सवारेगा ।।

दुनिया ये छलावा है, कहीं तुम भी ना छल जाना,बदले

चालो चालो साथीड़ो खाटू धाम रे,झाला देवे मंदिर में बैठ्यो



(चाँद धुंदला गया, छोर बदली हवा,चंद लम्हो में बस होर

मुझे दर्शन दे गया वो, कल रात सोते सोते,फिर बीती


श्री श्याम महर करदो, अब तो दुखियारे पर,कब तक निरखू