
भगवान मेरी अटकी नैया ने पार उतारो जी लिरिक्स
भगवान मेरी अटकी नैया ने पार उतारो जी,गहरी नदियां नाव

भगवान मेरी अटकी नैया ने पार उतारो जी,गहरी नदियां नाव

किस्मत संवर गयी है तेरी शरण में आकर,जीने लगे है

खाटू के बाबा श्याम जी, मेरी राखोगे लाज,मीरा के घनश्याम

(तर्ज – ढोला ढ़ोल मजीरा बाजे….) भाया जीवन सफल बना

खाटू को श्याम रंगीलो रे, खाटू को,खाटू को श्याम रंगिलो