श्याम जयंती आई, म्हारे मन में उठे हिलोर लिरिक्स

Shyam Jayanti Aai Mhare Man Me Uthe Hilor Lyrics

श्याम जयंती आई, म्हारे मन में उठे हिलोर,
खाटू से थांने आणो है, मित्र मंडल की ओर ।। टेर ।।

तर्ज – सावन का महीना ।

उत्सव की बाबा थारे करली तैयारी,
लीले की श्याम अब तो करल्यो सवारी,
बाट उड़ीका म्हे तो, निहाराँ चारू ओर, खाटूँ से थांने …. ।। १ ।।

चन्दन की चौकी बाबा, थांने बिठावां,
गंगाजल सूं स्नान करावां,
रंग रंगीलो बागो, ज्यामें गोटा की है डोर, खाटूँ से थांने …. ।। २ ।।

फूलाँ से बाबा थारी झांकी सजावां,
केसर चन्दन को तिलक लगावां,
ज्योत जगावां थारी महके है ईत्तर जोर, खाटूँ से थांने …. ।। ३ ।।

भगतां के सागे म्हे तो हिलमिल गावाँ,
श्याम धणी ने भजन सुणावाँ,
कीर्तन में म्हारे आवो, म्हारे कालजे की कोर, खाटूँ से थांने …. ।। ४ ।।

‘श्याम मित्र मण्डल’ स है नातो पुराणो,
सब भगतां ने अब तो कीर्तन मं आणो,
म्हारी जीवन नैया की श्याम के हाथां डोर, खाटूँ से थांने …. ।। ५ ।।

error: Content is protected !!