
क्या पाया है दर तेरे आके, तूं जाने या मैं जानूँ लिरिक्स
क्या पाया है दर तेरे आके, तूं जाने या मैं

क्या पाया है दर तेरे आके, तूं जाने या मैं

सांवरा दिखादे हमें खाटू की नगरिया,तेरा मोहिनी रूप, तेरा दानी

श्याम को रिझाने को, जी चाहता है,नहीं जानता, नादां क्या

भक्तों की कुण्डली में ये जोग बड़ा प्यारा है,हम सांवरे


अरे क्यूं भटक रह्यो नादान, तूँ शरण श्याम की ले


दीनों के नाथ दीनन हितकारी,करते विनय प्रभु सुध लो हमारी,सांवरिया

देखो कैसो झूल रह्यो नन्दजी को छैंया,होले-होले झोटा देवे यशुंमति

नाचांगा बाबा श्याम, थारी खाटू नगरी,देख तो देख दुनियां सगरी