
भगवान मेरी अटकी नैया ने पार उतारो जी लिरिक्स
भगवान मेरी अटकी नैया ने पार उतारो जी,गहरी नदियां नाव

भगवान मेरी अटकी नैया ने पार उतारो जी,गहरी नदियां नाव

किस्मत संवर गयी है तेरी शरण में आकर,जीने लगे है

खाटू के बाबा श्याम जी, मेरी राखोगे लाज,मीरा के घनश्याम


खाटू को श्याम रंगीलो रे, खाटू को,खाटू को श्याम रंगिलो

भगवान मेरी अटकी नैया ने पार उतारो जी,गहरी नदियां नाव

किस्मत संवर गयी है तेरी शरण में आकर,जीने लगे है

खाटू के बाबा श्याम जी, मेरी राखोगे लाज,मीरा के घनश्याम


खाटू को श्याम रंगीलो रे, खाटू को,खाटू को श्याम रंगिलो